
जब दोस्त बोले, 'चicken क्यों नहीं खा रहे?' मैंने कहा, 'भाई, मेरी मम्मी ने कहा, ‘पंखा चलाते समय चूहे नहीं खा सकते!’ फिर वो हंस के बोला, 'तो फिर मछली ले लो!' मैंने कहा, 'मछली की याद से ही, बच्चों को डर लगता है, जाल में फंसने का!' अरे भाई, इस जिन्दगी में, क्या खा रहे हैं, ये तो सच में तला हुआ है!

सोमवार सुबह और चाय ठंडी, ये ज़िंदगी की सबसे बड़ी ट्रेजेडी है।

हर मुश्किल एक सबक सिखा जाती है, बस समझने वाला नज़रिया चाहिए।

कभी-कभी खुद से मिलना भी ज़रूरी है, भीड़ में इंसान खुद को खो देता है।

सन्नाटा भी कभी-कभी बहुत कुछ कह जाता है, सुनने का हुनर सबके पास नहीं होता।
हर पन्ना नया सबक सिखाता है, हर मोड़ नई राह दिखाता है, यही तो ज़िंदगी है।
Zindagi ke safar mein, kuch pal aise bhi aate hain, jo dil ko chhoo jaate hain.
दोस्ती वो रिश्ता है, जो खून का नहीं, पर खून से भी गहरा है।
Har subah ek naya mauka hai, purani galtiyon ko peeche chhod kar, aage badhne ka.
Log kya kahenge, ye sochna chhod diya, jab se khud pe bharosa kiya.
Diyon ki roshni ho ya dilon ki, is Diwali har taraf ujaala rahe, har ghar khushiyon se bhara rahe.
उनकी एक मुस्कान पर, दिल हार बैठे हम, ये मोहब्बत का पहला एहसास था।